
सोमवार शाम पुलिस द्वारा जंतर-मंतर खाली कराए जाने के करीब छह घंटे बाद प्रदर्शनकारी दोबारा लौट आए और देर रात तक सरकार के खिलाफ नारेबाज़ी करते रहे।
प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे अभिजीत दीपके ने साफ कहा है कि आज भी संसद मार्च किया जाएगा और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे सहित अपनी मांगें पूरी होने तक आंदोलन जारी रहेगा।

बताया जा रहा है कि प्रदर्शनकारी तीन प्रमुख मांगों को लेकर सड़क पर उतरे हैं। वहीं, पिछले 14 वर्षों में यह पहला मौका है जब प्रदर्शनकारियों की भीड़ संसद के दरवाजे तक पहुंची है।

अब सवाल यह है कि क्या आज का संसद मार्च शांतिपूर्ण रहेगा, या फिर दिल्ली में एक बार फिर टकराव की स्थिति देखने को मिलेगी? यही सबसे बड़ा सवाल बना हुआ है।